दिए गए गद्यांश में से कुछ शब्दों को हटा दिया गया है। गद्यांश के आधार पर पूछे गए प्रश्नों में उन रिक्त स्थानों के लिए सर्वाधिक उपयुक्त शब्दों का चयन विकल्पों में से कीजिए। भारतवर्ष ने कभी भी भौतिक वस्तुओं के (1). ______ को बहुत अधिक महत्त्व नहीं दिया है। उसकी दृष्टि से मनुष्य के भीतर जो महान (2). ______ गुण स्थिर भाव से बैठा हुआ है, वही चरम और परम है। लोभ-मोह, काम-क्रोध आदि विचार मनुष्य में (3). ______ रूप से विद्यमान रहते हैं, पर उन्हें प्रधान शक्ति मान लेना और अपने मन तथा बुद्धि को उन्हीं के इशारे पर छोड़ देना बहुत बुरा (4) ______ है। भारतवर्ष ने कभी भी उन्हें उचित नहीं माना, उन्हें सदा (5). ______ के बंधन से बाँधकर रखने का प्रयत्न किया है।
दिए गए शब्दों में से उचित शब्द चुनकर रिक्त स्थान (3) की पूर्ति कीजिए ।
यह प्रश्न एक गद्यांश पर आधारित है जिसमें से कुछ शब्द हटा दिए गए हैं। हमें गद्यांश को पढ़कर संदर्भ को समझना है और फिर रिक्त स्थान (3) के लिए सबसे उपयुक्त शब्द का चयन दिए गए विकल्पों में से करना है।
गद्यांश का प्रासंगिक भाग है:
"भारतवर्ष ने कभी भी भौतिक वस्तुओं के (1). ______ को बहुत अधिक महत्त्व नहीं दिया है। उसकी दृष्टि से मनुष्य के भीतर जो महान (2). ______ गुण स्थिर भाव से बैठा हुआ है, वही चरम और परम है। लोभ-मोह, काम-क्रोध आदि विचार मनुष्य में (3). ______ रूप से विद्यमान रहते हैं, पर उन्हें प्रधान शक्ति मान लेना और अपने मन तथा बुद्धि को उन्हीं के इशारे पर छोड़ देना बहुत बुरा (4) ______ है। भारतवर्ष ने कभी भी उन्हें उचित नहीं माना, उन्हें सदा (5). ______ के बंधन से बाँधकर रखने का प्रयत्न किया है।"
हमें रिक्त स्थान (3) को भरना है, जो इस वाक्य का हिस्सा है: "लोभ-मोह, काम-क्रोध आदि विचार मनुष्य में (3). ______ रूप से विद्यमान रहते हैं"। यह वाक्य बताता है कि लोभ, मोह, काम, क्रोध जैसे नकारात्मक विचार मनुष्य के भीतर किस प्रकार से मौजूद रहते हैं।
दिए गए विकल्प इस प्रकार हैं:
गद्यांश कहता है कि ये विचार मनुष्य में विद्यमान रहते हैं, 'पर उन्हें प्रधान शक्ति मान लेना' बुरा है और उन्हें 'बंधन से बाँधकर रखने का प्रयत्न किया है'। यह इस बात पर ज़ोर देता है कि इन विचारों को नियंत्रित करना महत्वपूर्ण है। यदि वे 'स्वाभाविक' या 'अनिवार्य' होते, तो शायद उन पर नियंत्रण की बात इस तरह से नहीं कही जाती। 'ऐच्छिक' भी सही नहीं है क्योंकि ये भावनाएँ अक्सर बिना इच्छा के आती हैं।
विकल्प 'विशेष' यहाँ यह सुझाव दे सकता है कि ये विचार मनुष्य में एक खास या विशिष्ट तरीके से मौजूद रहते हैं, जिस तरीके को नियंत्रित करने या संयमित रखने की आवश्यकता है। यह 'विशेष रूप से विद्यमान' होकर भी मनुष्य को नियंत्रित न करें, यह गद्यांश का मुख्य भाव है। इसलिए, दिए गए विकल्पों में से 'विशेष' शब्द यहाँ सर्वाधिक उपयुक्त प्रतीत होता है, यह दर्शाता है कि ये भावनाएं मनुष्य के भीतर एक विशिष्ट उपस्थिति रखती हैं जिन पर नियंत्रण आवश्यक है।
लोभ-मोह, काम-क्रोध आदि विचार मनुष्य में विशेष रूप से विद्यमान रहते हैं, पर उन्हें प्रधान शक्ति मान लेना और अपने मन तथा बुद्धि को उन्हीं के इशारे पर छोड़ देना बहुत बुरा ______ है।
| रिक्त स्थान संख्या | भर्या गया शब्द |
|---|---|
| (3) | विशेष |
| शब्द | अर्थ | गद्यांश में उपयुक्तता |
|---|---|---|
| स्वाभाविक | प्राकृतिक | कुछ हद तक सही लग सकता है, लेकिन गद्यांश नियंत्रण पर जोर देता है, जो इसे कम उपयुक्त बनाता है। |
| ऐच्छिक | इच्छा पर निर्भर | अनुपयुक्त, भावनाएं अक्सर अनैच्छिक होती हैं। |
| विशेष | विशिष्ट, खास | गद्यांश के संदर्भ में उपयुक्त, दर्शाता है कि ये विचार एक विशिष्ट तरीके से मौजूद हैं जिन्हें नियंत्रित करने की आवश्यकता है। |
| अनिवार्य | आवश्यक | अनुपयुक्त, इन भावनाओं के अधीन रहना अनिवार्य नहीं है, नियंत्रण संभव है। |
क्लोज़ टेस्ट एक प्रकार का अभ्यास है जिसमें एक गद्यांश से कुछ शब्द हटा दिए जाते हैं और आपको संदर्भ के आधार पर उन रिक्त स्थानों को भरना होता है। इस तरह के प्रश्नों को हल करने के लिए निम्नलिखित बातों का ध्यान रखना चाहिए:
इस गद्यांश में, विषय भारतवर्ष की आध्यात्मिक और नैतिक मूल्यों पर आधारित दृष्टि है, जहां भौतिकवाद के बजाय आंतरिक गुणों को महत्व दिया जाता है और नकारात्मक भावनाओं पर नियंत्रण आवश्यक माना जाता है। रिक्त स्थानों की पूर्ति करते समय इस मूल भाव को ध्यान में रखना महत्वपूर्ण है।
रिक्त स्थान 1 की पूर्ति के लिए सबसे उपयुक्त विकल्प का चयन कीजिए।